कविता

कमला कॉलेज में हिन्दी पखवाड़ा का हुआ रंगारंग समापन

सीधी। स्थानीय कमला स्मृति महाविद्यालय, पड़रा के सेमिनार हॉल में 1 सितम्बर से 15 सितम्बर ...

कविता : रक्षाबंधन

रक्षाबंधन विशेष कविता भाई बहन में होता हैकितना प्रगाढ़ सम्बन्ध।इसीलिए ईश्वर ने कर दियारक्षाबंधन का ...

कविता- मैंने देखा है।

नहीं लिखूंगाआज कोरी कल्पनाएंनहीं बनने दूंगाऐसी अपनी रचनाएंआज वही लिखूंगाजो मैंने देखा है । सूर्योदय ...

शीर्षक- सब कुछ लौटा दो…

हाय कैसी महामारी है आ गईदूर अपनों से हमको है ये ला गईछीन ली जिसने ...

शीर्षक – मेरे जाने से पहले।।

थाम लो हाथ यार, मेरे जाने से पहले ।बोलो करते हो प्यार, मेरे जाने से ...

शीर्षक – इश्क अधूरा ही रह गया!

कुछ आशिकों का इश्क अधूरा ही रह गयारंगीन दिल का कागज भी कोरा ही रह ...

शीर्षक – वेतन कब तक पाऊंगा ?

घरवालों के सपने आखिर मैं कब सच कर पाऊंगामिली नौकरी पता नहीं मैं वेतन कब ...

शीर्षक – बहुत है।।

ये दिल हर बात को छुपाता बहुत हैदिखता नहीं पर दिल से उसे अपनाता बहुत ...

शीर्षक – बहराइच

देता है आज भी नया पैगाम बहराइचलगता है आज भी हसीं जवान बहराइच ।खंडहर में ...

देश मे अब रोज़गार नही है!!

डिग्रियां टंगी दीवार सहारे,मेरिट का ऐतबार नहीं है,सजी है अर्थी नौकरियों की,देश में अब रोज़गार ...

बन्द करो ये नाटक राखी का…

बहन से कलाई पर राखी तो बँधवा ली, 500 रू देकर रक्षा का वचन भी ...

कविता : आज़ादी का जश्न मनाएं

आज़ादी का जश्न मनायें, आओ झूमे गाएं ।दी है जान वतन पर जिसने, उनको नहीं ...